New Gyan सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

संदेश

सितंबर, 2019 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

Akele rahne wale bacche Kyon Bigad Jaate Hain

Akele rahne wale bacche Kyon Bigad Jaate Hain Akele Rahane wale bacche Aakhir Kyon Bigad Jaate Hain  जो बच्चे इकलौते या अकेले होते हैं, ऐसा माना जाता है कि उनके अंदर सामाजिक गुण उतना विकसित नहीं हो पाता। लेकिन ऐसा क्या सभी बच्चों के साथ होता है जो अकेले माता-पिता के साथ पल रहे हैं। जैसा कि आप जानते हैं कि आज का समय कोई किसी को समय नहीं दे पाता है। सभी अपने निजी जीवन में ही व्यस्त रहते हैं फिर भी जिनके माता-पिता कामकाजी हैं तो उनके बच्चे का लालन-पालन किस तरह से हो पाता है क्या उनके पेरेंट्स उनको पर्याप्त समय दे पाते हैं या वह फैमिली जहां पर माता पिता के साथ उनके चाचा चाची दादा-दादी आदि रहते हैं ऐसी जॉइंट फैमिली में बच्चे ज्यादा सामाजिक होते इन बातों की जानकारी आइए जाने रिसर्च के माध्यम से- बचपन  के दिन बड़े सुहावने और मौज मस्ती वाले होते हैं। अकेले रहने वाले बच्चों पर नेगेटिविटी थिंकिंग का प्रभाव पड़ता है, जिनसे उनके सोचने के तरीके में नकारात्मकता आ जाती है। लेकिन इसके विपरीत, जो बच्चा अपने भाई या बहन के साथ बड़ा होता है, वे बच्चे नकारात्मक एक्टिविटी से दूर रहते हैं। उनमें अकेलापन डर और

और कार्टून सीरियल हमारे बच्चे को सिखा रहे हैं , गलत आदतें

आज हम आपको जानकारी देने जा रहे हैं फेवरेट कार्टूनों के बारे में बताएंगे कैसे यह बनाए जाते हैं, कैसे चलते हैं, कौन-कौन से हैं  कब हुई थी इनकी शुरुआत और कार्टून सीरियल हमारे बच्चे को  कैसे सिखा रहे हैं, गलत आदतें ।   कार्टून किसे नहीं पसंद है। क्या बच्चे क्या बूढ़े क्या जवान सब को भाते हैं तेजी से भागने वाले शरारत करने वाले प्यारे से कार्टून करैक्टर। जब यह कार्टून नहीं थे तो ड्राइंग के माध्यम से लोग अपनी भावनाओं और कला को दिखाते थे।  इसके बाद फोटोग्राफी तकनीक आई और अब कंप्यूटर से बनाए जाते हैं। आप सोचते होंगे कि जो कार्टून टीवी पर दिखाया जाता है कैसे बनता होगा। दरअसल इन एनीमेटेड कार्टून को बनाने के लिए कई तरीके अपनाए जाते हैं। पहले तो कार्टून चित्रों को सिलसिले की लगातार फोटोग्राफी की जाती है। कैमरे के सामने जब एक एक चित्र चलता है तो चित्र के किरदार थोड़ा-थोड़ा हरकत करते नजर आते हैं और विराम चित्रों की रील तेजी से चलने पर करैक्टर भागते नजर आते हैं। जब इसको प्रोजेक्ट किया जाता है तो हमारी आंखों को पूरी फिल्म चलती फिरती नजर आती है। फ्रांस में बना था पहला कार्टून करैक्टर एनीमेटेड कार्

पैन को आधार से लिंक कराने की नई तारीख का ऐलान, ऐसे करें पैन को आधार कार्ड से लिंक

PAN (Permanent Account Number) और आधार कार्ड (PAN-Aadhaar link) को लिंक कराने की अंतिम तारीख को बढ़ा दिया गया है।मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अब आधार से पैन कार्ड को लिंक कराने की अंतिम तारीख 31 दिसंबर 2019 तय की गई है। इससे पहले यह 30 सितबंर 2019 थी। 31, दिसंबर 2019 तक पैन कार्ड को कराएं आधार कार्ड से लिंक नहीं तो उठाना पड़ेगा नुकसान। आयकर विभाग की ओर से जारी आदेश में या कहा गया है कि जो पैन आधार कार्ड से लिंक नहीं किया जाएगा वह रद्द हो जाएंगे। इस नुकसान से बचने के लिए आपको तय समय सीमा में अपने पैन कार्ड को आधार से लिंक कराना जरूरी है। ऐसे पैन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक नहीं होंगे उनसे कोई भी वित्तीय लेनदेन नहीं किया जा सकेगा। ऐसे आधार कार्ड सता अमान्य हो जाएंगे। अभी यह स्पष्ट नहीं है कि जो आधार कार्ड निष्क्रिय हो जाएंगे, क्या ऐसे पैन कार्ड समय सीमा के बाद री-एक्टिवेट हो पाएंगे कि नहीं।  पैन कार्ड को आधार से लिंक कराने के लिए इन स्टेप्स को फॉलो करें आयकर विभाग की ई-फाइलिंग वेबसाइट  www.incometaxindiaefiling.gov.in  को   खोलें। वेबसाइट के बायीं तरफ दिए लाल रंग के

नवरात्रि का शारदी नवरात्र: सिद्धि योग वाला। जाने पूजा पद्धति और मुहूर्त

इस शारदीय नवरात्रि पर 9 दिन में 9 देवियां देंगी नौ संयोग, घट स्थापना के भी कई मुहूर्त। इस बार का  शारदीय नवरात्रि का महत्व विशेष है। शारदीय नवरात्रि रविवार 29 सितंबर से शुरू होकर यह 8 अक्टूबर तक चलेगी। नवरात्रि के दिन शक्ति प्राप्त करने का दिन होता है। इस बार 9 दिन  नव अद्भुत और मंगलकारी शक्तियों का सहयोग मिल  मिल रहे हैं।   ये है सिद्धियां - 2 दिन अमृत सिद्धि 2 दिन  सर्वार्थसिद्धि 2 दिन रवि योग की सिद्धि प्राप्त होगी। दो सोमवार भी होंगे जो शिव और शक्ति के प्रतीक हैं अश्वनी नव रात को देवी ने अपनी वार्षिक पूजा कहा है  कि यह पूजा मुझे बहुत प्रिय है। मैं अपना वचन पूरा करने के लिए इस संसार लोक में आती  हूं। इस बार मां देवी दुर्गा का आगमन  हाथी के सवारी से हो रहा है।  यानी कि माँ दुर्गा हाथी पर विराजमान होकर पधार रही हैं।  पहले दिन शैलपुत्री की आराधना से नवरात्र का प्रारंभ होगा। इस बार देवी भगवती हाथी पर सवार होकर आ रही है लेकिन घोड़े पर सवार होकर उनकी विदाई होगी। वर्षा और प्रकृति का प्रतीक भी है- घोड़े पर सवारी ।इसके साथ ही हाथी पर आगमन शुभ माना जाता है। धन और धान की कोई कमी नहीं

माँ से अच्छी आदतें बच्चे सीखते हैं जल्दी, जानें कैसे

बच्चे सबसे पहले किसी से सीखते हैं तो माँ से,  घर ही उनकी पहली पाठशाला होती है और माँ पहली टीचर।     माँ होने का दायित्व आप अच्छे से निभाती हैं तो लाड़  प्यार के बीच बच्चों में सही परवरिश करने की जिम्मेदारी आप पर है। बच्चों के मन को जानना और उसी के अनुरूप उनका पालन-पोषण करना भी जरूरी है।  आइए जानते हैं 5 तरीके जिससे आप अपने बच्चों में डाल सकते हैं अच्छी आदतें जैसे हर व्यक्ति की अपनी एक अलग सोच और एक अलग व्यवहार होता है ठीक उसी तरह से हर बच्चे का अपना एक अलग स्वभाव होता है। बच्चों का स्वभाव हर आयु वर्ग में अलग-अलग होता है। इसलिए हर एक बच्चे को एक ही नजरिए से देखना ठीक नहीं है यहां पर हम कुछ टिप्स दे रहे हैं जिन्हें आप अपना कर दुनिया की सबसे अच्छी माँ बन सकती है। 1.  बच्चे को करें, खूब प्यार और दुलार 3 से 4 साल के बच्चे बहुत ही संवेदनशील होती हैं। चाहे वह बोल कर अपनी इमोशन व्यक्त ना कर सके लेकिन वे आपके हर हाव भाव को बखूबी पढ़ते हैं और समझते हैं। पारिवारिक और अन्य जिम्मेदारियों के कारण हो सकता है कि आप थोड़ा टेंशन में हूं और बच्चों से दूर रहें। लेकिन यही वह समय है जब

ऑफिस में डेडलाइन के अंदर काम करने के तरीके

Office management आज के दौर में कहीं भी किसी भी काम की डेडलाइन होती है। नौकरी में आप से यही अपेक्षा की जाती है कि आप अपने काम को बेहतर ही नहीं करें बल्कि काम सही समय पर भी हो तभी आप की उपयोगिता ऑफिस में बनी रहेगी।   आइए जानें डेडलाइन के अंदर कैसे पूरा करें काम।  यहाँ पर कुछ टिप्स बताने जा रहे हैं, जिसे आप अपने ऑफिस के कामों को करने के लिए अपना सकते हैं। मिस्टर वर्मा की अपने ऑफिस में एक अलग पहचान है। चाहे उनके रिर्पोटिंग मैनेजर हो या उनके बिग बॉस सभी उनके काम के कायल हैं। तभी तो कोई भी महत्वपूर्ण काम मिस्टर वर्मा को ही सौंपा जाता है। उनके साथ काम करने वाले भी सोचते हैं कि आखिर खास क्या है, मिस्टर वर्मा में। मिस्टर वर्मा का समय से काम करना ही उनकी खासियत है। उनके बॉस को यह विश्वास है कि अगर वह काम वर्मा जी को दे रहे हैं तो वह समय में हो जाएगा।  आइए जानते हैं कि मिस्टर वर्मा किसी काम को किस ढंग से करते हैं? कैसे बनाते हैं अपनी स्टेट्रैडजी। आज के समय काम करने का तरीका बदल चुका है। हमारे बॉस हमसे अच्छे काम के साथ ही यह उम्मीद रखते हैं कि काम तय समय के भीतर हो जाए। आप बहु

10 बातें एक टीचर के लिए जानना बहुत जरूरी है

गुरुर्ब्रह्मा ग्रुरुर्विष्णुः गुरुर्देवो महेश्वरः । गुरुः साक्षात् परं ब्रह्म तस्मै श्री गुरवे नमः ॥ भारतीय संस्कृति में यह श्लोक गुरु (teacher) की महिमा का बखान करता है। गुरु यानी शिक्षक और उस का व्यक्तित्व छात्र के जीवन में ज्ञान की रोशनी से उसके भविष्य को सँवारता है। अच्छा टीचर वही है, जो स्टूडेंट के मन मस्तिष्क पर ऐसी छाप छोड़ता है कि वह उसे जीवन भर याद रखता है।  आइए जाने एक बेहतरीन टीचर के 10 गुणों के बारे में।   यह क्वालिटी किसी टीचर को खास बनाती है। ऐसे 10 क्वालिटी की चर्चा हम करेंगे जो एक अच्छे टीचर की पहचान होती है। इस आर्टिकल में आज हम पढ़ेंगे टीचर के लिए कम्युनिकेशन स्किल कौन से होते हैं और एक अच्छे टीचर के कौन 10 से ऐसे क्वालिटी है जिसे हमें जानना जरूरी है। 1. Teacher के लिए कम्युनिकेशन स्किल यानी संचार कौशल   एक अच्छे टीचर की सबसे बड़ी पहचान होती है,  छात्रों पर प्रभावशाली ढंग से अपनी बात को रख सकने की कला।  स्टूडेंट और टीचर के बीच में संवाद दो तरफा होना चाहिए। टीचर का कम्युनिकेशन स्किल इफेक्टिव होना चाहिए ताकि वह अपने छात्रों से बेहतर संपर्क बना सके।  क्लास म

30 सितंबर तक पैन कार्ड को कराएं आधार कार्ड से लिंक नहीं तो उठाना पड़ेगा नुकसान। पैन कार्ड को ऑनलाइन आधार से लिंक कराने के लिए पूरे स्टेप यहां पढ़ें

30 सितंबर, 2019 तक पैन कार्ड को कराएं आधार कार्ड से लिंक नहीं तो उठाना पड़ेगा नुकसान। आयकर विभाग की ओर से जारी आदेश में या कहा गया है कि जो पैन आधार कार्ड से लिंक नहीं किया जाएगा वह रद्द हो जाएंगे। इस नुकसान से बचने के लिए आपको तय समय सीमा में अपने पैन कार्ड को आधार से लिंक कराना जरूरी है। ऐसे पैन कार्ड को आधार कार्ड से लिंक नहीं होंगे उनसे कोई भी वित्तीय लेनदेन नहीं किया जा सकेगा। ऐसे आधार कार्ड सता अमान्य हो जाएंगे। अभी यह स्पष्ट नहीं है कि जो आधार कार्ड निष्क्रिय हो जाएंगे, क्या ऐसे पैन कार्ड समय सीमा के बाद री-एक्टिवेट हो पाएंगे कि नहीं।    पैन कार्ड को आधार से लिंक कराने के लिए इन स्टेप्स को फॉलो करें आयकर विभाग की ई-फाइलिंग वेबसाइट www.incometaxindiaefiling.gov.in को   खोलें। वेबसाइट के बायीं तरफ दिए लाल रंग के link Adhaar पर क्लिक करें। यदि आपका आयकर अकाउंट नहीं बना है तो पंजीकरण करा लीजिए। क्लिक करते ही पेज खुलेगा, जिसमें आपको अपना आधार नंबर, पैन नंबर और आधार के अनुसार नाम भरना होगा।  इसके बाद दिया गया कैप्चा कोड टाइप करें। जानकारी भरने के बाद नीचे दि

Career Advice

कॅरिअर एडवाइस मैं बीएससी की पढ़ाई कर रहा हूं। बीएससी करने के बाद मुझे जॉब पाने के लिए क्या करना चाहिए? अंकित सोनी आपके सवाल से यह पता नहीं चल रहा है कि आप किस विषय में बीएससी कर रहे हैं। बीएससी के बाद आप चाहे तो आगे पढ़ाई कर सकते हैं, गवर्मेंट जॉब की तैयारी भी कर सकते हैं या प्राइवेट जॉब के लिए एप्?लाई कर सकते हैं। वैसे यह इस पर निर्भर करता है कि आप अपने कॅरिअर में क्?या करना चाहते हैं। अगर आप सरकारी नौकरी करना चाहते हैं तो आपके पास रेलवे, बैंक, डिफेंस और सिवलि सर्विस एग्जाम देने का ऑप्?शन है। प्राइवेट सेक्टर में बीएससी के बाद ज्?याद अच्छे ऑप्शन नहीं हैं। ऐसे में मेरी सलाह है कि आपको आगे पढ़ाई करनी चाहिए। अगर बीएससी में आपके पास मैथ्स है तो आप एमसीए कर सकते हैं। अगर बायो, फॉरेस्ट्री, जूलॉजी जैसे सब्जेक्ट हैं तो आप इनसे संबंधित प्रोफेशनल कोर्स भी कर सकते हैं। अगर आप मैनेजमेंट में कॅरिअर बनाना चाहते हैं तो आपके पास एमबीए करने का ऑप्?शन भी है। अगर आप स्कूल टीचर बनना चाहते हैं तो बीएड में एडमिशन ले लें। वैसे एमएसी करने के बाद अगर आप एमफिल और पीएचडी करने के साथ ही नेट क्वालिफाई कर लेते

जाने सर्वपल्ली राधाकृष्णन के बारे में

सर्वपल्ली राधाकृष्णनन जो भारतीय संस्कृति के मनीषी और शिक्षाविद्व थे उनके जन्मदिन पर प्रत्येक वर्ष 5 सितंबर को शिक्षक दिवस मानाया जाता है। हमारी वैदिक संस्कृति में शिक्षा गुरू शिष्य परंपरा के अनुसार आश्रम में दी जाती थी। गुरू शिष्य को पुत्र की तरह मानता था और शिष्य अपने गुरू के प्रति कर्तव्यनिष्ठ होता था। आज शिक्षक दिवस पर गुरू के सम्मान में औपचारिकताएं होती हैं। सही मायने अगर छात्र को सही और उचित मूल्यों वाली शिक्षा बिना व्यावसायिक भाव के एक समान नजरिये से दिया जाए तो वह दिन दूर नहीं है कि हम विज्ञान और सूचना क्षेत्र प्रोफेश्नल के साथ ही एक सच्चा नागरिक और सही मायनों में सही इंसान बना सकते हैं। हम गुरूओं की पूजा करने वाले देश के नागरिक है जो इस श्लोक से सार्थक हाता है—गुरुर्ब्रह्मा गुरुर्विष्णुर्गुरुर्देवो महेश्वरः । गुरुरेव परं ब्रह्म तस्मै श्रीगुरवे नमः।  शेयर करें बच्चो, कई बार बारिश के दौरान अचानक पानी की बूंदों के साथ बर्फ के छोटे-छोटे गोले भी गिरते हैं। इन्हें हम ओले कहते हैं। ये ओले आसमान में कैसे बनते हैं और ओले क्यों गिरते हैं? तो आओ ओले के बारे में पूरी बात जानें।

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

ईमेल लेखन कैसे करें | cbse class 10, 9 Email writing in hindi

  ईमेल लेखन कैसे करें cbse class 10, 9 Email writing in hindi CBSE बोर्ड की क्लास 9th और 10th में सेशन 2022 23 से ईमेल राइटिंग पर प्रश्न पूछा जाएगा। ईमेल राइटिंग जी का यह प्रश्न सीबीएसई बोर्ड क्लास 10th की बोर्ड परीक्षा में ढाई अंक का होगा। आपको बता दें कि क्लास 9th और 10th मे अनुच्छेद-लेखन Anuched Lekhan for class 10 and 9 , लघुकथा-लेखन, विज्ञापन-लेखन, संदेश-लेखन, संवाद-लेखन से प्रश्न भी पूछा जाता है इस पर आपको अधिक जानकारी चाहिए तो क्लिक करके पढ़ें… छात्रों ईमेल राइटिंग लिखना बहुत आसान है। ईमेल राइटिंग का प्रारूप और विषय आपको बस समझ में आना चाहिए। आपको यह बता दे कि आपकी परीक्षा में औपचारिक यानी कि फॉर्मल ईमेल राइटिंग ही पूछा जाएगा. जैसे कि बैंक मैनेजर को  पासबुक जारी करने के लिए ई-मेल लिखना, आप एक लाइब्रेरियन है और किताब मगवाना चाहते हैं  तो बुक पब्लिशर को आप ईमेल लिखेंगे। ई-मेल की भाषा हिंदी | Email writing in hindi अगर आप ईमेल लिख रहे हैं तो उसकी भाषा हिंदी ही होनी चाहिए। प्रचलित का अंग्रेजी शब्दों का प्रयोग कर सकते हैं, जैसे स्कूल, बस, ट्रेन इत्यादि। ई-मेल 20 से 30 शब्द

क्लास मानीटर बनने के टिप्स/ What are the duties of a class monitor?

Tips to become a class monitor |  क्लास में मॉनिटर कैसे बने Image pexels क्लास मानीटर बनने के टिप्स/ What are the duties of a class monitor? Monitor banane ke tips, Qualities of Monitor in hindi. क्या आप जानते हैं कि एक अच्छा मॉनिटर बनने के गुण क्या—क्या होते हैं? क्या आप भी अपने बचपन में  क्लास के मॉनिटर थे! जब आप भी स्कूल में पढ़ते थे तो आपकी चाहत थी कि आप भी मानिटर बनें। मानिटर बनने का मतलब जिम्मेदार बनना, अनुशासन (Discipline) में रहने वाला और पढ़ाई के साथ खेलकूद में भी बेहतर ( Brilliant ) होता है। अब तो, टीचर पूरे  सत्र में बारी बारी से छात्रों को मॉनिटर की जिम्मेदारी क्लास में देते हैं। आइए इस लेख में पढ़े कि एक अच्छे मॉनिटर में क्या गुण होने चाहिए। हम यहां पर आपको कुछ टिप्स दे रहे हैं— हर माता-पिता सोचता है कि उसका बच्चा भी क्लास में अंतर होता कि उसके अंदर की जिम्मेदारी आए। एक क्लास में 30-40 बच्चे होते हैं ऐसे में सभी को मॉनिटर बनाना मुश्किल होता है लेकिन जोड़ने से ज्यादा सिंसियर होते हैं, उन्हें ही अक्सर क्लास मॉनिटर बनाया जाता है। कुछ बच्चे क्लास में बहुत ही

भारतीय आजादी के गुमनाम नायक

भारतीय आजादी के गुमनाम नायक bhaarateey aajaadee ke gumanaam naayak 2022 आज हम अपनी मर्जी से कहीं भी आ जा सकते हैं, पढ़ लिख सकते हैं अपने मनपसंद का करियर चुन सकते हैं, क्योंकि हम आजाद हैं और इस आजादी के लिए वीरों ने अपनी आहुति दी है, पर जब स्वतंत्रता सेनानियों के नाम बताने की बारी आती है तो हम सिर्फ गिने-चुने नाम ही बता पाते हैं, जबकि हकीकत यह है कि आजादी सिर्फ कुछ लोगों के बलिदान से नहीं मिली बल्कि इसके लिए बहुतों ने अपनी जान गंवाई। इनमें से कई तो गुमनामी की अंधेरों में खो चुके हैं। हम आपको ऐसे ही स्वतंत्रता सेनानियों के बारे में बता रहे हैं, जिन्होंने आज़ादी की लड़ाई में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई थी-  आजादी के गुमनाम नायक हम बताने जा रहे हैं आजादी के महानायक जिनको हम भूल गए हैं-- कन्हैयालाल माणिकलाल मुंशी भारत छोड़ो आंदोलन से जुड़ने वाले कन्हैयालाल कई बार अंग्रेजी शासन के खिलाफ आवाज उठाने के आरोप में गिरफ्तार किए गए और अंग्रेजों के जुल्म का शिकार हुए पर उन्होंने कभी हार नहीं मानी हर बार दुगनी ताकत के साथ अंग्रेजों से मुकाबला किया। भगत सिंह, चंद्रशेखर आजा

10 बातें एक टीचर के लिए जानना बहुत जरूरी है

गुरुर्ब्रह्मा ग्रुरुर्विष्णुः गुरुर्देवो महेश्वरः । गुरुः साक्षात् परं ब्रह्म तस्मै श्री गुरवे नमः ॥ भारतीय संस्कृति में यह श्लोक गुरु (teacher) की महिमा का बखान करता है। गुरु यानी शिक्षक और उस का व्यक्तित्व छात्र के जीवन में ज्ञान की रोशनी से उसके भविष्य को सँवारता है। अच्छा टीचर वही है, जो स्टूडेंट के मन मस्तिष्क पर ऐसी छाप छोड़ता है कि वह उसे जीवन भर याद रखता है।  आइए जाने एक बेहतरीन टीचर के 10 गुणों के बारे में।   यह क्वालिटी किसी टीचर को खास बनाती है। ऐसे 10 क्वालिटी की चर्चा हम करेंगे जो एक अच्छे टीचर की पहचान होती है। इस आर्टिकल में आज हम पढ़ेंगे टीचर के लिए कम्युनिकेशन स्किल कौन से होते हैं और एक अच्छे टीचर के कौन 10 से ऐसे क्वालिटी है जिसे हमें जानना जरूरी है। 1. Teacher के लिए कम्युनिकेशन स्किल यानी संचार कौशल   एक अच्छे टीचर की सबसे बड़ी पहचान होती है,  छात्रों पर प्रभावशाली ढंग से अपनी बात को रख सकने की कला।  स्टूडेंट और टीचर के बीच में संवाद दो तरफा होना चाहिए। टीचर का कम्युनिकेशन स्किल इफेक्टिव होना चाहिए ताकि वह अपने छात्रों से बेहतर संपर्क बना सके।  क्लास म

लघु-कथा' CBSE BOARD CLASS 9 NEW SYLLABUS LAGHU KATHS LEKHAN

'लघु-कथा' CBSE BOARD CLASS 9 NEW SYLLABUS LAGHU KATHA LEKHAN  लघु और कथा शब्द से मिलकर बना हुआ है। लघु का अर्थ होता है- छोटा और कथा का अर्थ होता है-कहानी। Laghu Katha ke Udharan class 9th hindi term-2 sylabuss 2022 hindi  न्यू सिलेबस सीबीएसई बोर्ड लघु कथा लेखन क्लास नाइंथ इस तरह लघुकथा का अर्थ हुआ कि 'छोटी कहानी'। छात्रों हिंदी साहित्य को दो भागों में बाँटा गया है, पहला गद्य साहित्य और दूसरा काव्य साहित्य।  गद्य साहित्य के अंतर्गत कहानी, नाटक, उपन्यास, जीवनी, आत्मकथा विधाएँ आती हैं। इसी में लघु-कथा विधा भी 'गद्य साहित्य' का एक हिस्सा है। कहानी उपन्यास के बाद यह विधा सर्वाधिक प्रचलित भी है। लघुकथा के महत्वपूर्ण बातें 1.आधुनिक समय में इंसानों के पास समय का अभाव होने लगा और वे कम समय में साहित्य पढ़ना चाहते थे तो  'लघु-कथा' का जन्म हुआ। 2.लघु कथा की परंपरा हमारे संस्कृति में 'पंचतंत्र' और 'हितोपदेश' की छोटी कहानियों  से भी  रही है। इन कहानियों को लघु-कथा भी कह सकते हैं। आपने भी छोटी-छोटी लघु कहानियाँ अपने बड़ों से जरूर सुनी होगी।  3.

MCQ Vachya वाच्य class 10 cbse board new 2021

MCQ Vachya  वाच्य class 10 cbse board new 2021 CBSE Change question paper pattern in hindi. Hindi Grammar asking MCQ's. वाच्य Vachya topic given multiple cohice question with answer.     सीबीएसइ कक्षा 10 की हिन्दी  अ Syllabus 2021 में अब अधिकतर Questions Objective  टाइप के प्रश्न पूछे जाएंगें। यहां पर Vachya वाच्य टॉपिक से दे रहे हैं। Vachya Topic  में 5 में से 4  इस वाच्य टॉपिक questions आएंगे। वाच्य शब्द का अर्थ बोलने का तरीका वाच्य कहलाता है। ऐसा वाक्य जहां पर क्रिया का पर प्रभाव कर्ता, कर्म या भाव का पड़ता है तो क्रिया उसी के अनुसार परिवर्तित होती है। इस तरह से वाच्य तीन प्रकार के हुए। क्योंकि तीन तरह से क्रिया पर प्रभाव पड़ता है। यानी  1 कर्ता  2 कर्म  3 भाव क्रिया विधानों के अनुसार वाच्य 3 तरह के होते हैं- 1 कर्तृवाच्य (Active Voice) 2. कर्मवाच्य (Passive Voice) 3. भाववाच्य (Impersonal Voice) कर्तृवाच्य व अ कर्तृवाच्य   के अनुसार वाच्य दो प्रकार के होते हैं- 1 कर्तृवाच्य 2  अ कर्तृवाच्य  अ कर्तृवाच्य के दो भेद होते हैं-        i. कर्मवाच्य (Passive Voice)         ii भावव

CBSE Class पर्यावरण प्रदूषण अनुच्छेद| paragraph writing in hindi CBSE board

 अनुच्छेद लेखन 10th|  पर्यावरण प्रदूषण अनुच्छेद| paragraph writing in hindi CBSE board  CBSE board class 9th 10th 11th 12th paragraph writing in Hindi पर्यावरण प्रदूषण पर पैराग्राफ राइटिंग अनुच्छेद लेखन के कुछ उदाहरण यहां किए हुए हैं। अनुच्छेद लेखन पर यह लेख पढ़ें paragraph writing ke tips aur definition in Hindi   Anuchchhed lekhan  पर्यावरण प्रदूषण  पर्यावरण का अर्थ होता है- धरती के चारों को प्रकृति का आवरण। जिसमें जैविक व अजैविक पदार्थ होते हैं।  प्रकृति का गलत तरीके से  दोहन करने से प्रकृति प्रदूषित होती है। इसे पर्यावरण प्रदूषण  कहते हैं।  इस धरती पर प्रकृति ने हमें शुद्ध वायु, शुद्ध जल के साथ ढेर सारे संसाधन  दिए हैं। इस प्रकृति में पेड़-पौधे, जीव-जंतु निवास करते हैं।  परंतु इंसान बिना सोचे समझे प्रकृति के हर चीजों का दोहन करता है जैसे, फैक्ट्रियों और वाहनों का निकलता हुआ काला धुआं वायु को प्रदूषित करता है। खेतों में यूरिया और सीवर लाइन का गंदा जल हमारे नदियों और धरती को प्रदूषित कर रही हैं।   इस कारण से धरती का वायु-चक्र, जल-चक्र और मौसम-चक्र  पर बुरा प्रभाव पड़ता है।  जि